गोरखपुर: मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि उत्तर प्रदेश में बेहतर कानून-व्यवस्था के साथ सरकार रामराज्य की अवधारणा को साकार करने की दिशा में काम कर रही है. उन्होंने कहा कि प्रदेश में सज्जनों की सुरक्षा की गारंटी है, जबकि अपराधियों और भ्रष्टाचार के प्रति जीरो टॉलरेंस की नीति अपनाई जा रही है.
गोरखनाथ मंदिर में कन्या पूजन के बाद वासंतिक नवरात्रि की नवमी और श्रीरामनवमी की शुभकामनाएं देते हुए सीएम योगी ने कहा कि राज्य सरकार बिना भेदभाव सभी लोगों तक योजनाओं का लाभ पहुंचा रही है. उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में पिछले 11 वर्षों में प्रदेश के 6 करोड़ से अधिक लोगों को गरीबी रेखा से ऊपर लाया गया है और उन्हें बेहतर जीवन के अवसर मिले हैं.
सीएम योगी ने बताया कि प्रदेश में 2 करोड़ 61 लाख गरीब परिवारों को शौचालय की सुविधा मिली है, जबकि 65 लाख परिवारों को पीएम-सीएम आवास योजना का लाभ दिया गया है. लगभग 10 करोड़ लोगों को जन आरोग्य योजना के तहत 5 लाख रुपये तक का स्वास्थ्य बीमा कवर मिला है. साथ ही करीब 15 करोड़ लोगों को मुफ्त राशन उपलब्ध कराया जा रहा है.
मुख्यमंत्री ने कहा कि चैत्र शुक्ल नवमी का दिन सुख-समृद्धि और खुशहाली का प्रतीक है. इसी दिन मर्यादा पुरुषोत्तम भगवान श्रीराम का जन्मोत्सव रामनवमी के रूप में मनाया जाता है. उन्होंने कहा कि प्रभु श्रीराम का आदर्श जीवन हर व्यक्ति के लिए प्रेरणा का स्रोत है.
सीएम योगी ने कहा कि अयोध्या में राम मंदिर निर्माण के बाद 22 जनवरी 2024 को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के हाथों रामलला की प्राण प्रतिष्ठा का कार्यक्रम संपन्न हुआ. राम दरबार में प्रभु श्रीराम, माता जानकी, भरत, लक्ष्मण, शत्रुघ्न और हनुमान विराजमान हैं. 25 नवंबर 2025 को प्रधानमंत्री मोदी ने मंदिर में केसरिया ध्वज फहराया था.
उन्होंने बताया कि 19 मार्च को राष्ट्रपति ने अयोध्या पहुंचकर रामजन्मभूमि मंदिर के ऊपरी तल में श्रीराम यंत्र की स्थापना की. उन्होंने कहा कि इन ऐतिहासिक पलों को देश और दुनिया के लोगों ने देखा और गर्व महसूस किया.
मुख्यमंत्री ने कहा कि नवरात्रि मातृशक्ति के सम्मान और श्रद्धा का प्रतीक है. इसी सोच के साथ प्रदेश में मिशन शक्ति अभियान चलाया जा रहा है, जिसके तहत महिलाओं की सुरक्षा, सम्मान और स्वावलंबन पर काम हो रहा है. मातृ वंदना योजना, मुख्यमंत्री कन्या सुमंगला योजना और बेटी बचाओ-बेटी पढ़ाओ जैसी योजनाएं चलाई जा रही हैं.
उन्होंने बताया कि उत्तर प्रदेश पुलिस में 20 प्रतिशत महिला आरक्षण लागू किया गया है. वर्तमान में 44,000 से अधिक महिला पुलिसकर्मी प्रदेश में महिला सुरक्षा को मजबूत करने में अहम भूमिका निभा रही हैं.
