नई दिल्ली: मध्यप्रदेश में नवसंवत्सर के अवसर पर मुख्यमंत्री मोहन यादव ने विक्रम संवत् 2083 को राज्य की सांस्कृतिक पहचान और विकास संकल्प से जोड़ते हुए कई प्रमुख घोषणाएं कीं. उन्होंने कहा कि उज्जयिनी से शुरू हुई भारतीय कालगणना परंपरा राज्य के लिए गौरव का विषय है और सम्राट विक्रमादित्य की विरासत को जन-जन तक पहुंचाने के लिए 12 फरवरी से 30 जून 2026 तक विक्रमोत्सव-2026 आयोजित किया जाएगा.
मुख्यमंत्री ने बताया कि राज्य में यह वर्ष कृषक कल्याण वर्ष के रूप में मनाया जा रहा है और कृषि विकास के लिए 27 हजार 500 करोड़ रुपये की योजनाएं स्वीकृत की गई हैं. साथ ही उज्जैन से जल गंगा संवर्धन अभियान शुरू किया गया है. उन्होंने जल संरक्षण को जन आंदोलन बनाने और विकास के साथ विरासत को आगे बढ़ाने का आह्वान किया.
