भारत के एक राजदूत ने बीजेपी की प्रवक्ता नुपुर शर्मा पर तंज कसते हुए उन्हें असामाजिक तत्व बताया है. यह बचने का तरीका है क्योंकि बहुत से असामाजिक तत्व बीजेपी की मुख्यधारा में हैं. दोनों के बीच में फर्क करना अच्छी शुरुआत है. बीजेपी को ‘असामाजिक तत्व’ को पहचानने, अलग-थलग करने और उनपर लगाम लगाने के लिए साहस दिखाना चाहिए.
अगर नुपुर शर्मा असामाजिक हैं तो बीजेपी को इनपर लगाम लगाने की हिम्मत दिखानी चाहिए
दिप्रिंट का 50 शब्दों में सबसे तेज़ नज़रिया.
Text Size:
share & View comments
